هدف اصلی حوزه علمیه، عالم پروری و فقیه پروری است که این مهم با تسلط کامل فقیه بر احکام الهی ممکن می شود. برای رسیدن به احکام محکم الهی و استخراج آن از منابع فقهی و ارائه آن به مکلفین باید از فنونی استفاده کرد که راه رسیدن به این مسائل را ممکن و آسان کند. از جمله ی این فنون، دانستن اصولی است که توسط این اصول، احکام از فقه استخراج می شود. اصول فقه از جمله ی این فنون است.
«حوزه مجازی مهندس طلبه» برای اولین بار تصمیم به تولید دوره آموزشی اصول مظفر به صورت تصویری و با بالاترین کیفیت گرفته است. شما میتوانید فیلمهای آموزشی به همراه صوت آموزشی کتاب اصول مظفر را از طریق جدول زیر دریافت نمایید. ( این دوره استثنایی توسط استاد «سید محمد حسین عزیزی» تدریس شده است.)

دانلود فیلم آموزشی اصول فقه مرحوم مظفر
| نام جلسه | دانلود جلسه |
| درس اول | دانلود با کیفیت بالا دانلود با کیفیت پایین دانلود صوت |
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دانلود صوت اصول مظفر( استاد سید حسین هاشمیان)
کتاب اصول مرحوم مظفر (ره) در چاپ های متفاوت و توسط انتشارات مختلف چاپ شده است و همچنین دارای شرح های مختلفی است.
یکی از چاپ های این کتاب، طبع اسماعیلیان است که صفحه بندی صوت های استاد هاشمیان بر اساس این چاپ می باشد.
شما می توانید این صوت ها را به صورت رایگان دانلود نماید.
| شماره جلسه | شماره صفحه | موضوع | شروع از : | دانلود جلسه |
|---|---|---|---|---|
| ۱ | ۳۱۹ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | ومناقشة الكفاية في تحرير النزاع و بعد ما حررناه | دانلود جلسه |
| ۲ | ۳۲۱ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | الفرق بين بابي التعارض و التزاحم و مسألة الاجتماع من | دانلود جلسه |
| ۳ | ۳۲۳ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | أن يكون العنوان ملحوظا في الخطاب فانيا في مطلق | دانلود جلسه |
| ۴ | ۳۲۵ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و حينئذ إذا صادف أن ابتلي المكلف بجمعهما | دانلود جلسه |
| ۵ | ۳۲۶ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | هذا خلاصة رأيه رحمه الله فجعل إحراز مناط | دانلود جلسه |
| ۶ | ۳۲۸ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و اعتبر ذلك بالشوق فإن الشوق يستحيل | دانلود جلسه |
| ۷ | ۳۲۹ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | ثانيا أنا لما قلنا بأن متعلق التكليف هو العنوان | دانلود جلسه |
| ۸ | ۳۳۰ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و إذا عسر عليك تفهم ما نرمي إليه فاعتبر ذلك في مثال | دانلود جلسه |
| ۹ | ۳۳۲ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و عليه فيصح أن يقع الفعل الواحد امتثالا | دانلود جلسه |
| ۱۰ | ۳۳۳ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و لقد ذهب بعض أعلام أساتذتنا إلى أن القدرة مأخوذة | دانلود جلسه |
| ۱۱ | ۳۳۴ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و كأن نظره الشريف يرمي إلى أن | دانلود جلسه |
| ۱۲ | ۳۳۵ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و أما ثانيا فإن العنوان لا يجب | دانلود جلسه |
| ۱۳ | ۳۳۶ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و قيل إنه لا يبقى مصحح في هذه الصورة للعبادة | دانلود جلسه |
| ۱۴ | ۳۳۸ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | اجتماع الأمر و النهي مع عدم المندوحة | دانلود جلسه |
| ۱۵ | ۳۳۹ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | نعم يستثنى من ذلك ما لو كان دليل الأمر و دليل | دانلود جلسه |
| ۱۶ | ۳۴۰ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | حرمة الخروج من المغصوب أو وجوبه | دانلود جلسه |
| ۱۷ | ۳۴۱ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و الحق أنه ليس بواجب نفسي و | دانلود جلسه |
| ۱۸ | ۳۴۳ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و ثالثا لو سلمنا أن التخلص عنوان ينطبق على | دانلود جلسه |
| ۱۹ | ۳۴۳ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | و ثانيا أن الخروج الذي هو عبارة | دانلود جلسه |
| ۲۰ | ۳۴۵ | (جلد دوم )اجتماع امر و نهی | -صحة الصلاة حال الخروج | دانلود جلسه |
| ۲۱ | ۳۴۶ | (جلد دوم)دلالت نهی بر فساد | المسألة الخامسة دلالة النهي على الفساد | دانلود جلسه |
| ۲۲ | ۳۴۷ | (جلد دوم)دلالت نهی بر فساد | النهي إن كلمة النهي ظاهرة كما تقدم في الجزء الأول | دانلود جلسه |
| ۲۳ | ۳۴۹ | (جلد دوم)دلالت نهی بر فساد | متعلق النهي لا شك في أن متعلق النهي هنا | دانلود جلسه |
| ۲۴ | ۳۵۰ | (جلد دوم)دلالت نهی بر فساد | المبحث الأول النهي عن العبادة | دانلود جلسه |
| ۲۵ | ۳۵۲ | (جلد دوم)دلالت نهی بر فساد | أما النهي الغيري المقدمي فحكمه حكم النفسي | دانلود جلسه |
| ۲۶ | ۸ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و ينبغي ألّا يخفى «۳» أنّه لا يتوقّف الاستدلال بها | دانلود جلسه |
| ۲۷ | ۱۲ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و أما الحجة في الاصطلاح العلمي فلها معنيان أو | دانلود جلسه |
| ۲۸ | ۱۳ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و مما ينبغي التنبيه عليه في هذا الصدد | دانلود جلسه |
| ۲۹ | ۱۵ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | الأمارة و الأصل العملي | دانلود جلسه |
| ۳۰ | ۱۷ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | المناط في إثبات حجية الأمارة | دانلود جلسه |
| ۳۱ | ۱۹ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | أولا إن الظن بما هو ظن ليس حجة بذاته | دانلود جلسه |
| ۳۲ | ۲۵ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و الحاصل أن اجتماع القطعين بالنفي و الإثبات | دانلود جلسه |
| ۳۳ | ۲۶ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | موطن حجية الأمارات | دانلود جلسه |
| ۳۴ | ۲۷ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و من هنا نعرف وجه المناقشة في استدلال | دانلود جلسه |
| ۳۵ | ۳۲ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | اشتراك الأحكام بين العالم و الجاهل | دانلود جلسه |
| ۳۶ | ۳۵ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | نعم یتم ذلک الاشکال لو کان امتناع التقیید لیس | دانلود جلسه |
| ۳۷ | ۳۶ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | تصحيح جعل الأمارة | دانلود جلسه |
| ۳۸ | ۳۸ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و هذا الاحتمال الثاني قريب إلى التصديق جدا فإنه | دانلود جلسه |
| ۳۹ | ۳۹ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | الأمارة طريق أو سبب | دانلود جلسه |
| ۴۰ | ۴۱ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | و لذا نقول إذا لم تصب الواقع لا تكليف هناك | دانلود جلسه |
| ۴۱ | ۴۶ | (جلد سوم) مباحث حجج-مقدمه | توضيح ذلك أنّ حقيقة الجعل هو الإيجاد | دانلود جلسه |
| ۴۲ | ۴۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- کتاب | الباب الأول الكتاب العزيز | دانلود جلسه |
| ۴۳ | ۵۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- کتاب | نسخ الكتاب العزيز | دانلود جلسه |
| ۴۴ | ۵۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- کتاب | إمكان نسخ القرآن | دانلود جلسه |
| ۴۵ | ۵۴ | (جلد سوم) مباحث حجج- کتاب | و الجواب واضح بعد معرفة ما ذكرناه في الجزء الثاني | دانلود جلسه |
| ۴۶ | ۵۶ | (جلد سوم) مباحث حجج- کتاب | و قيل إن كلام الله تعالى قديم و القديم لا يتصور | دانلود جلسه |
| ۴۷ | ۶۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | كل هذا لا كلام و لا خلاف لأحد فيه. و إنما | دانلود جلسه |
| ۴۸ | ۶۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | في حجية فعل المعصوم بالنسبة إلينا فإنه قد وقع | دانلود جلسه |
| ۴۹ | ۶۶ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | دلالة تقرير المعصوم | دانلود جلسه |
| ۵۰ | ۶۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | و الذي ينبغي ذكره هنا أن الخبر قد يكون له | دانلود جلسه |
| ۵۱ | ۷۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | الآية الثانية آية النفر | دانلود جلسه |
| ۵۲ | ۷۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | الكلام عن نفس موقع الاستدلال من الآية على | دانلود جلسه |
| ۵۳ | ۸۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | دليل حجية خبر الواحد من السنة | دانلود جلسه |
| ۵۴ | ۸۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- سنت | دليل حجية خبر الواحد من الإجماع | دانلود جلسه |
| ۵۵ | ۹۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | الباب الثالث الإجماع | دانلود جلسه |
| ۵۶ | ۱۰۰ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | و أما مسلك السنة فهي أحاديث رواها بما يؤدي مضمون الحديث | دانلود جلسه |
| ۵۷ | ۱۰۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | ثم إن هذا الطريق العقلي أو المعنوي لو تم فأي شيء يخصصه بخصوص | دانلود جلسه |
| ۵۸ | ۱۰۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | الإجماع عند الإمامية | دانلود جلسه |
| ۵۹ | ۱۰۸ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | طريقة قاعدة اللطف و هي أن يستكشف عقلا | دانلود جلسه |
| ۶۰ | ۱۰۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | طريقة التقرير و هي أن يتحقق الإجماع بمرأى و | دانلود جلسه |
| ۶۱ | ۱۱۱ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | فانحصر مدركهم في جميع الأحوال في السنة. | دانلود جلسه |
| ۶۲ | ۱۱۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | و أما مسلك الحدس فإن عهدة دعواه على مدعيها | دانلود جلسه |
| ۶۳ | ۱۱۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | و سر الخلاف في المسألة يكمن في أن أدلة خبر | دانلود جلسه |
| ۶۴ | ۱۱۶ | (جلد سوم) مباحث حجج- اجماع | و إذا اتضح لدينا سر الخلاف في المسألة بقي | دانلود جلسه |
| ۶۵ | ۱۱۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | الباب الرابع الدليل العقلي | دانلود جلسه |
| ۶۶ | ۱۲۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | و كيف ما كان فالذي يصلح أن يكون مرادا من | دانلود جلسه |
| ۶۷ | ۱۲۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | و إذا قطع العقل بالملازمة و المفروض أنه | دانلود جلسه |
| ۶۸ | ۱۲۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | إذا عرفت ما شرحناه و هو أن العقل النظري | دانلود جلسه |
| ۶۹ | ۱۳۱ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | و الحل لهذا التعارض الظاهري بين الطائفتين | دانلود جلسه |
| ۷۰ | ۱۳۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- دلیل عقلی | الدعوى التي أشرنا إليها هناك في آخر | دانلود جلسه |
| ۷۱ | ۱۳۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | الباب الخامس حجية الظواهر | دانلود جلسه |
| ۷۲ | ۱۳۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | و منها أن يرجع إلى علامات الحقيقة و المجاز | دانلود جلسه |
| ۷۳ | ۱۴۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | إذا كان يستكشف منه على نحو اليقين موافقة | دانلود جلسه |
| ۷۴ | ۱۴۸ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | هذا و لكن وقعت لبعض الناس شكوك في عموم | دانلود جلسه |
| ۷۵ | ۱۴۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | قيل إن لم يعتبر الظن بالوفاق فعلى الأقل | دانلود جلسه |
| ۷۶ | ۱۵۱ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | أقول الحق أن الأمر لا كما أفاده الشيخ | دانلود جلسه |
| ۷۷ | ۱۵۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | حجية الظهور بالنسبة إلى غير المقصودين بالإفهام | دانلود جلسه |
| ۷۸ | ۱۵۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | و عليه فالنفي الادعائي العملي للاحتمالات هو | دانلود جلسه |
| ۷۹ | ۱۵۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- حجیت ظواهر | و على هذا فالقرآن الكريم إذ نقول إنه | دانلود جلسه |
| ۸۰ | ۱۶۱ | (جلد سوم) مباحث حجج- شهرت | الباب السادس الشهرة | دانلود جلسه |
| ۸۱ | ۱۶۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- شهرت | الدليل الثاني عموم تعليل آية النبإ | دانلود جلسه |
| ۸۲ | ۱۶۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- شهرت | من المعروف عن المحققين من علمائنا | دانلود جلسه |
| ۸۳ | ۱۷۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- سیره | و بهذا نثبت حجية مثل الاستصحاب ببناء العقلاء | دانلود جلسه |
| ۸۴ | ۱۷۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- سیره | و من الواضح أنه يعني من السيرة هذا النحو | دانلود جلسه |
| ۸۵ | ۱۷۶ | (جلد سوم) مباحث حجج- سیره | نعم المداومة و الاستمرار على العمل من قبل | دانلود جلسه |
| ۸۶ | ۱۷۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | غير أنه إذا علمنا بطريقة من الطرق أن جهة | دانلود جلسه |
| ۸۷ | ۱۸۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | و في الحقيقة أن القياس عملية من المستدل أي | دانلود جلسه |
| ۸۸ | ۱۸۸ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | احتمال أن يكون ما ظنه القائس علة إن كان | دانلود جلسه |
| ۸۹ | ۱۹۳ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | رووا عن النبي صلى اللَّه عليه و آله أحاديث | دانلود جلسه |
| ۹۰ | ۱۹۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | و الإجماع هو أهم دليل عندهم و عليه معولهم | دانلود جلسه |
| ۹۱ | ۱۹۷ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | و أما ثانيا فإن استعمال بعضهم للرأي سواء كان | دانلود جلسه |
| ۹۲ | ۱۹۹ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | ذهب بعض علمائنا كالعلامة الحلي إلى أنه يستثنى | دانلود جلسه |
| ۹۳ | ۲۰۲ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | أما قياس الأولوية فهو نفسه الذي يسمى مفهوم | دانلود جلسه |
| ۹۴ | ۲۰۵ | (جلد سوم) مباحث حجج- قیاس | على أنه قد أوضحنا فيما سبق في الدليل العقلي | دانلود جلسه |
| ۹۵ | ۲۱۲ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | و من هنا يتضح أنه لو كان هناك خبر | دانلود جلسه |
| ۹۶ | ۲۲۵ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | القاعدة في المتعارضين التساقط أو التخيير | دانلود جلسه |
| ۹۷ | ۲۲۸ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | و من أجل هذا تكون لهذه القاعدة أهمية | دانلود جلسه |
| ۹۸ | ۲۴۷ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | إذا عرفت ما ذكرناه من جهة البحث التي | دانلود جلسه |
| ۹۹ | ۲۵۲ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | و أما الثانية و هي الشهرة في الرواية فإن | دانلود جلسه |
| ۱۰۰ | ۲۵۷ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | و في الحقيقة أن هذا الخلاف ليس بمناط | دانلود جلسه |
| ۱۰۱ | ۲۵۹ | (جلد سوم)تعادل و تراجیح | أقول إن المسلم إنما هو تأخر رتبة الحكم بكون | دانلود جلسه |
| ۱۰۲ | ۲۶۹ | (جلد سوم)اصول عملیه | و قد اتضح لدى الأصوليين أن الوظيفة الجارية في | دانلود جلسه |
| ۱۰۳ | ۲۷۱ | (جلد سوم)اصول عملیه | الأول أن الشك في الشيء ينقسم باعتبار | دانلود جلسه |
| ۱۰۴ | ۲۸۹ | (جلد سوم)اصول عملیه | ادلة الاستصحاب | دانلود جلسه |
| ۱۰۵ | ۲۹۴ | (جلد سوم)اصول عملیه | و على كل حال فهذا الدليل العقلي فيه مجال للمناقشة | دانلود جلسه |
| ۱۰۶ | ۲۹۷ | (جلد سوم)اصول عملیه | و نذكر في هذه الصحيحة بحثين الأول في | دانلود جلسه |
| ۱۰۷ | ۳۰۹ | (جلد سوم)اصول عملیه | مكاتبة علي بن محمد القاساني | دانلود جلسه |
| ۱۰۸ | ۳۱۷ | (جلد سوم)اصول عملیه | أقول إن البحث عن هذا الموضوع بجميع أطرافه و | دانلود جلسه |
| ۱۰۹ | ۳۲۵ | (جلد سوم)اصول عملیه | و لأجل بيان صحة جريان الاستصحاب في | دانلود جلسه |
| ۱۱۰ | ۳۳۳ | (جلد سوم)اصول عملیه | أقول و يجب أن يعلم قبل كل شيء الضابط | دانلود جلسه |
دانلود کتاب اصول مظفر (رایگان)
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شرح اصول مظفر (عبدالله اصغری)
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کتاب اصول فقه مرحوم مظفر(ره)
کتابی به زبان عربی با موضوع علم اصول فقه، که توسط علامه مظفر رحمه الله علیه برای تدریس در دانشکده ای در نجف به رشته تالیف درآمد، به (اصول فقه مظفر) مشهور است.
این دانشکده هم توسط علامه مظفر تاسیش شده بود.
این کتاب بسیار ساده و روان و در عین حال دارای مطالبی بسیار دقیق و عمیق است که در کتب گذشتگان وجود نداشت.
این خصوصیات باعث شد تا این کتاب و روش آموزش آن، در زمینه آموزش اصول فقه در حوزه های علمیه منحصر به فرد شود.
ساختار کتاب اصول مظفر
شیوه ی گذشتگان در تقسیم بندی مباحث اصولی به این صورت بوده است که مباحث اصولی را به دو بخش مباحث عقلی و مباحث الفاظ تقسیم می کردند.
اما مرحوم مظفر این شیوه ی پیشینیان را در کتاب اصول خود برهم زد و مباحث اصولی را به چهار مقصد تقسیم کرد.
این چهار بخش و مقصد عبارتند از:
- مباحث الفاظ
- ملازمات عقلیه
- مباحث حجت
- اصول عملیه
این کتاب علاوه بر چهار مبحث اصلی اصولی، شامل یک مدخل و یک مقدمه هم می شود که در ادامه ی مقاله، آن را بیان می کنیم.
مدخل
در این بخش تعریف علم اصول و مفاهیمی چون حکم واقعی و ظاهری بیان می شود.
در ادامه ی مباحث، موضوع و فایده ی علم اصول تشریح می شود.
مقدمه کتاب اصول مرحوم مظفر
الفاظ برای اینکه به وجود بیایند و مورد استفاده ی عموم قرار بگیرند، نیاز به واضع دارند تا آنها را به شکل مستقیم یا غیر مستقیم وضع کند.
در این بخش از کتاب، مشخص می شود که واضع الفاظ کیست و چطور این الفاظ وضع شده اند.
استعمالات هم انواع مختلف دارند که ممکن است مقصود متکلم را از کلامی که به کار می برد به مقصودی دیگر تغییر دهد.
در این مقدمه درباره ی انواع استعمالات هم مطالبی بیان می شود تا شنونده در تشخیص مقصود متکلم دچار اشتباه نشود.
همچنین مفاهیمی چون وضع شخصی و نوعی و وضع مرکبات و حقیقت و مجاز و ترادف و اشتراک و حقیقت شرعیه هم در این بخش مورد بررسی قرار می گیرند.
مقصد اول
این مقصد که درباره ی مباحث الفاظ است شامل مباحثی مثل مشتق، اوامر، نواهى، مفاهیم، عام و خاص، مطلق و مقید، مجمل و مبین می شود.
در این مقصد از معانی و ظواهری که الفاظ دارند بحث می شود.( مثلا آیا فعل امر در وجب ظهور دارد؟)
مقصد دوم
در مقصد دوم به بحث ملازمات عقلیه پرداخته شده است که مصنف ابتدا این مباحث را تقسیم بندی می کند و علت آن را بیان می کند.
مباحث ملازمات عقلیه به دو بخش تقسیم می شوند که عبارتند از:
- مستقلات عقلیه ( احکامی که عقل بدون دخالت شرع و با صغری و کبری عقلی، آن را به دست می آورد)
- غیر مستقلات عقلیه ( احکامی که عقل آن را با توجه به شرع و با صغری شرعی و کبری منطقی به دست می آورد)
مقصد سوم
این مقصد یک تمهید و یک مقدمه و نه باب دارد که مباحثی مثل حجت در مقدمه و مباحثی چون کتاب و سنت و …در باب های نه گانه بررسی شده است.
مقصد چهارم
این بخش مربوط به اصول عملیه است.یعنی در زمان شک و در صورتی که مجتهد پس از تفحص بر امری، حکم شرعی و فقهی پیدا نکرد، اصولی وجود دارد که با مراجعه به آن، تکلیف مکلف مشخص می شود.
اگر چه مرحوم مظفر در این بخش، تنها به بحث استصحاب پرداخته است و آن را به صورت مفصل توضیح داده است ولی توضیحی درباره ی بقیه اصول ارائه نکرده است.
سرفصل های کتاب اصول فقه مرحوم مظفر(ره)
- المدخل
– تعریف علم الاصول
– الحکم: واقعی و ظاهری. و الدلیل: اجتهادی و فقاهتی
– موضوع علم الاصول - المقدمه
– حقیقه الوضع
– من الواضع؟
– الوضع تعیینىٌّ و تعیّنی
– أقسام الوضع
– استحاله القسم الرابع
– وقوع الوضع العامّ و الموضوع له الخاصّ و تحقیق المعنى الحرفی
– الاستعمال حقیقیٌّ و مجازی
– الدلاله تابعه للإراده
– الوضع شخصیٌّ و نوعی
– وضع المرکَّبات
– الحقیقه و المجاز
– الاصول اللفظیّه تمهید
– الترادف و الاشتراک
– الحقیقه الشرعیّه - المقصد الاول
– تمهید: المقصود من «مباحث الألفاظ»
– الباب الأوّل: المشتق
– الباب الثانی: الأوامر
– الباب الثالث: النواهی
– الباب الرابع: المفاهیم
– الباب الخامس: العامّ و الخاص
– الباب السادس: المطلق و المقیّد
– الباب السابع: المجملُ و المبیّن - المقصد الثانی
– تمهید
– الباب الأوّل: المستقلّات العقلیّه
– الباب الثانی: غیر المستقلّات العقلیّه - المقصد الثالث
– تمهید
– المقدّمه
– الباب الأوّل: الکتاب العزیز
– الباب الثانی: السنّه
– الباب الثالث: الإجماع
– الباب الرابع: الدلیلُ العقلی
– الباب الخامس: حجّیه الظواهر
– الباب السادس: الشهره
– الباب السابع: السیره
– الباب الثامن: القیاس
– الباب التاسع: التعادل و التراجیح - المقصد الرابع
– تمهید
– الاستصحاب
تاریخچه علم اصول
در زمان پیامبر اسلام و ائمه معصومین علیهم السلام، نیازی به اصول برای استخراج احکام شرعی وجود نداشت. چون مردم مستقیما به امام مراجعه و احکام را دریافت می کردند.
اما در زمان معصوم هم گاهی، دسترسی به معصوم به خاطر دوری مسافت یا منع حکّام جور امکان پذیر نبود.
بعد از معصومین هم دسترسی به آنها امکان نداشت یا مسائلی پیش می آمد که تا آن زمان مبتلابه نبوده است.
لذا باید در این موارد هم احکام الهی باید پیاده می شد و صرف عدم دسترسی به معصوم بهانه ای برای عدم اجرا و متوقف کردن احکام نبود.
در زمان امام باقر و امام صادق علیهم السلام شیوه ی استخراج این احکام به شاگردان آموزش داده شد.
برخی از اصحاب ائمه مثل هشام بن حکم هم رساله هایی درباره چگونگی استخراج احکام تالیف کرده بودند.
اما این که این علم به صورت یکی از زیرشاخه های علم اسلامی صورت رسمی به خود بگیرد، به اوایل قرن چهارم هجری بر می گردد.
شیخ مفید رحمه الله علیه، اولین شیعه ای بود که در این زمینه کتاب تالیف کرد.
معنای اصول فقه
در لغت
(اصول فقه) همانطوری که از نامش پیداست، از دو کلمه تشکیل شده است.
اصول: چیزی که چیز دیگری مبتنی بر آن است
فقه: موشکافی و فهم دقیق
در اصطلاح
در اصطلاح تعریف آن عبارت است از: (اصول الفقه هی القواعد الممهده لاستنباط الاحکام الشرعیه الفرعیه من ادلتها)
مرحوم مظفر اصول فقه را اینگونه تعریف می کند: (علم یُبحث فیه عن قواعد تقع نتیجتها فی طرق استنباط الحکم الشرعی)
اما این تعاریف توسط صاحب کفایه دارای ایراداتی دانسته می شود و ایشان می فرماید بهتر است اصول فقه را اینگونه تعریف کنیم: (بانه صناعه یعرف بها القواعد التی یمکن ان تقع فی طریق استنباط الاحکام، او التی ینتهی الیها فی مقام العمل)
موضوع علم اصول
در تعیین موضوع علم اصول، مناقشاتی بین اصولیین صورت گرفته است و تعاریف مختلفی از آن ارائه شده است.
- مشهور معتقدند موضوع علم اصول (ادله اربعه بما هی ادله) است.
- صاحب فصول معتقد است که موصوع علم اصول (ادله اربعه بما هی ادله) است.
- صاحب کفایه: موضوع علم اصول عبارت است از موضوعات مسائل آن که غرض همه آنها یکی است.
اشکالات کتاب اصول مرحوم مظفر(ره)
کتاب مرحوم مظفر با توجه به مزایایی مثل سادگی و روان بودن، دارای نقص و ایراداتی نیز می باشد که به این شرح است.
- مصنف در مقدمه این کتاب بحث هایی درباره ی وصغ الفاظ مطرح کرده است و در مقصد اول هم همین مباحث مطرح شده است.
با توجه به اینکه موضوع مدخل و مقصد اول یکی است، می توان این دو بخش را ادغام کرد. - ایرادی که شهید صدر بر این کتاب می گیرد که به این مضمون است:
در جاهایی که نیاز به بحث طولانی در مفهومی نیست، مرحوم مظفر با طولانی کردن بحث به صورت تحقیقی، بحث را به درازا می کشاند در حالی که نیاز به چنین بحث هایی وجود ندارد. - فقدان بحث هایی چون برائت، اشتغال و تخییر که در این کتاب جای این مباحث بسیار خالی است.

